रायगढ़। पुलिस ने आईपीएल 2026 के दौरान ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा संचालन के मामले में पिछले करीब चार माह से फरार चल रहे मुख्य खाईवाल सानू बेरीवाल सहित उसके दो साथियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
ज्ञातव्य हो कि आईपीएल 2026 के दौरान 9 अप्रैल को साइबर थाना एवं थाना चक्रधरनगर पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा बोईरदादर शालिनी स्कूल रोड स्थित गुरुकृपा प्रोविजन स्टोर में दबिश दी गई थी। पुलिस ने मौके से पंकज जयसिंह एवं जयदेव मित्रा को KKR एवं LSG के बीच खेले जा रहे टी-20 आईपीएल मैच में मोबाइल फोन के माध्यम से हार-जीत पर रुपये का दांव लगवाते पकड़ा था। पूछताछ में दोनों आरोपियों ने मुख्य खाईवाल सानू बेरीवाल निवासी पंचवटी कॉलोनी चक्रधरनगर के लिए क्रिकेट सट्टे का काम करना तथा सट्टे की रकम यूपीआई के माध्यम से प्राप्त कर लेन-देन करना स्वीकार किया था। इसी कड़ी में 10 अप्रैल को साइबर एवं चक्रधरनगर पुलिस की टीम ने पंचवटी नगर बोईरदादर निवासी कशिश बलानी को उसके मकान के बाहर मोबाइल फोन से CSK एवं DC के बीच चल रहे आईपीएल मैच पर ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा खिलाते पकड़ा था। पूछताछ में कशिश बलानी ने करीब एक वर्ष से मुख्य खाईवाल सानू बेरीवाल के लिए क्रिकेट सट्टे का काम करना तथा सट्टे की रकम का यूपीआई के माध्यम से लेन-देन करना स्वीकार किया था। इन दोनों मामले में थाना चक्रधरनगर में आरोपियों के विरुद्ध धारा 7 छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम एवं 3(5) बीएनएस के तहत पंजीबद्ध कर कार्रवाई की गई थी। प्रकरण में गिरफ्तार आरोपियों ने मुख्य आरोपी सानू बेरीवाल तथा मोहित संथालिया एवं विजय कुमार देवांगन के साथ मिलकर सट्टा काम करना बताये थे, आरोपी लगातार फरार चल रहे थे। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार पतासाजी की जा रही थी। इसी दौरान शुक्रवार को तीनों आरोपियों के उपस्थित मिलने पर उन्हें थाना तलब कर पूछताछ की गई। पूछताछ में आरोपियों ने अपराध में अपनी संलिप्तता स्वीकार की। आरोपियों के मेमोरेंडम कथन के आधार पर पुलिस ने सानू बेरीवाल के कब्जे से 2 नग मोटोरोला मोबाइल, मोहित संथालिया से 1 नग सैमसंग मोबाइल एवं विजय कुमार देवांगन से 1 नग सैमसंग मोबाइल, कुल 4 मोबाइल फोन जब्त किए हैं। तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर दोनों मामलों में आज न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
